अमेरिकी शेयर बाजार में 18 महीने की सबसे बड़ी गिरावट:नैस्डैक 5.5% टूटा, मार्केट वैल्यू ₹236 लाख करोड़ घटी; ट्रम्प ने इसके लिए डेमोक्रैट्स को जिम्मेदार ठहराया
अमेरिकी शेयर बाजार में 18 महीने की सबसे बड़ी गिरावट आई है। गुरुवार को नैस्डैक 5.5%, डाउ जोन्स 3.4% और SP 500 इंडेक्स 4.3% तक टूट गए। इस गिरावट की वजह से एक दिन में अमेरिकी बाजार की मार्केट वैल्यू 2.5 ट्रिलियन डॉलर यानी करीब 236 लाख करोड़ रुपए घट गई है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इस गिरावट के लिए म
अमेरिकी शेयर बाजार में 18 महीने की सबसे बड़ी गिरावट आई है। गुरुवार को नैस्डैक 5.5%, डाउ जोन्स 3.4% और SP 500 इंडेक्स 4.3% तक टूट गए। इस गिरावट की वजह से एक दिन में अमेरिकी बाजार की मार्केट वैल्यू 2.5 ट्रिलियन डॉलर यानी करीब 236 लाख करोड़ रुपए घट गई है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इस गिरावट के लिए मिडटर्म इलेक्शन और डेमोक्रैट्स को जिम्मेदार ठहराया है। एआई सेक्टर में सख्त नियमों की चर्चा और भारी बिकवाली के कारण निवेशकों को यह नुकसान हुआ है। नैस्डैक इंडेक्स में पिछले 18 महीने और SP 500 इंडेक्स में अप्रैल 2025 के बाद से एक दिन की सबसे बड़ी गिरावट आई है। एनवीडिया का शेयर करीब 10% गिरा ट्रम्प ने मिडटर्म इलेक्शन और डेमोक्रैट्स को जिम्मेदार ठहराया अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने बाजार में इस गिरावट के लिए मिडटर्म इलेक्शन और 'डेमोक्रैट्स' को जिम्मेदार ठहराया है। ट्रम्प ने सोशल मीडिया पोस्ट पर लिखा कि इलेक्शन के नतीजों की वजह से स्टॉक मार्केट ने इतिहास के सबसे बुरे दिनों में से एक का सामना किया है। ऐसा देखना बेहद दुखद है, हमें उस स्तर तक पहुंचने में बहुत मेहनत लगी थी जो पहले किसी ने नहीं देखा था, और फिर यह हुआ। इसलिए आपके रिटायरमेंट फंड घट गए हैं। याद रखें, यह रिपब्लिकन की वजह से नहीं, बल्कि डेमोक्रैट्स की वजह से हुआ है। हालांकि डरें नहीं, हम जल्द ही किसी न किसी तरह से पहले से भी बड़े और मजबूत होंगे। लोगों से कहा- इसके लिए आप खुद ही जिम्मेदार दूसरी पोस्ट में ट्रम्प ने कहा कि स्टॉक मार्केट इसलिए क्रैश हुआ, क्योंकि डेमोक्रैट्स को बड़ी जीत मिली। यह देखकर बहुत दुख होता है, इसके लिए आप खुद ही जिम्मेदार हैं। हाल ही में 2026 के मिडटर्म इलेक्शन में डेमोक्रैट्स ने जीत हासिल की है और ट्रम्प के बचे हुए कार्यकाल के लिए कांग्रेस (अमेरिकी संसद) पर अपना कंट्रोल बना लिया है। डाउ जोन्स में 1833 अंकों की गिरावट SP 500 के सभी 11 सेक्टर्स गिरे फियर इंडेक्स VIX 61% उछला वॉल स्ट्रीट का वोलेटिलिटी इंडेक्स (VIX), जिसे बाजार का 'फियर इंडेक्स' (डर का पैमाना) भी कहा जाता है, 61% उछल गया। यह ईरान युद्ध के शुरुआती हफ्तों के बाद का सबसे हाई लेवल है, जो बाजार में निगेटिव माहौल को दर्शाता है। AI सेक्टर पर बढ़ता दबाव और नियमों पर चर्चा अमेरिका में मिडटर्म इलेक्शन के नतीजों के बाद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इंडस्ट्री पर सख्त नियमों और कड़ी निगरानी की चर्चा बढ़ गई है। इससे इस सेक्टर में निवेश की रफ्तार को लेकर चिंताएं पैदा हो गई हैं। साथ ही निवेशक डेटा सेंटरों के विस्तार की गति धीमी होने का अनुमान लगा रहे हैं, जिससे चिप मैन्युफैक्चरर और इस इंडस्ट्री को इक्विपमेंट्स और इंफ्रास्ट्रक्चर की सप्लाई करने वाली कंपनियों पर दबाव बन रहा है। निवेशकों का सुरक्षित निवेश की तरफ झुकाव शेयर बाजार में आई इस तेज गिरावट के चलते निवेशकों ने सुरक्षित माने जाने वाले एसेट्स का रुख किया, जिससे अमेरिकी सरकारी बॉन्ड की मांग बढ़ गई। मांग बढ़ने से बेंचमार्क 10-वर्षीय ट्रेजरी नोट पर यील्ड यानी ब्याज दर गिरकर (4.83%) 9 सितंबर के बाद के अपने सबसे निचले स्तर पर आ गई है। एशियाई बाजारों में भी भारी गिरावट वॉल स्ट्रीट की इस बिकवाली का असर शुक्रवार को एशियाई बाजारों पर भी देखने को मिला। शुरुआती कारोबार में जापान का निक्केई 6% तक फिसल गया, जबकि दक्षिण कोरिया का कोस्पी 8% से ज्यादा टूट गया। क्या होता है फियर इंडेक्स और करेक्शन टेरिटरी? बिजनेस से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… धनतेरस के दिन सेंसेक्स 600, निफ्टी 100 अंक चढ़ा: 7 दिन में 8% से ज्यादा की तेजी आई; अमेरिका, जापान, कोरिया के बाजार 5% से ज्यादा टूटे दुनियाभर के बाजारों में गिरावट के बीच आज आज 6 नवंबर को धनतेरस पर सेंसेक्स 600 अंक या 0.75% चढ़कर 79,900 पर है। निफ्टी में 100 अंक की तेजी है, ये 24,650 के स्तर पर है। कल बाजार में साल की दूसरी बड़ी बढ़त रही थी। सेंसेक्स 2009 अंक चढ़कर 79310 पर बंद हुआ था। इससे पहले 8 अप्रैल को सेंसेक्स 2,946 अंक चढ़ा था। पूरी खबर पढ़ें…