ब्राजील चुनाव में हार के बाद अमेरिका भागे फ्लावियो बोल्सोनारो:पत्नी और दो बेटियां भी साथ; राजनीतिक शरण लेने की तैयारी
ब्राजील में राष्ट्रपति चुनाव हारने के बाद दक्षिणपंथी नेता फ्लावियो बोल्सोनारो अमेरिका रवाना हो गए हैं। समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, फ्लावियो के एक सहयोगी ने मंगलवार को इसकी पुष्टि की। एक अमेरिकी अधिकारी ने भी रॉयटर्स को बताया कि फ्लावियो अमेरिका आ रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उनकी पत्न
ब्राजील में राष्ट्रपति चुनाव हारने के बाद दक्षिणपंथी नेता फ्लावियो बोल्सोनारो अमेरिका रवाना हो गए हैं। समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, फ्लावियो के एक सहयोगी ने मंगलवार को इसकी पुष्टि की। एक अमेरिकी अधिकारी ने भी रॉयटर्स को बताया कि फ्लावियो अमेरिका आ रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, उनकी पत्नी और दो बेटियां भी उनके साथ हैं। वे अमेरिका में राजनीतिक शरण मांग सकते हैं। फ्लावियो रविवार को हुए राष्ट्रपति चुनाव में मौजूदा राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा से हार गए थे। उन्हें दूसरे चरण में 48% वोट मिले, जबकि लूला को 52% वोट मिले। चुनाव में हार के बाद फ्लावियो ने नतीजों को स्वीकार नहीं किया था। पासपोर्ट जमा नहीं किया, पुलिस ने जांच शुरू की फ्लावियो को सोमवार को ब्राजील के सुप्रीम कोर्ट ने 24 घंटे के भीतर पासपोर्ट जमा करने का आदेश दिया था। उनके खिलाफ भ्रष्टाचार, मनी लॉन्ड्रिंग और टैक्स चोरी के मामलों में जांच चल रही है। पुलिस को आशंका थी कि वे जांच से बचने के लिए देश छोड़ सकते हैं। मंगलवार सुबह 11 बजे तक फ्लावियो ने पासपोर्ट जमा नहीं किए। पुलिस को उनके देश छोड़कर भागने का शक हुआ, इसके बाद उनकी तलाश शुरू कर दी। मंगलवार शाम तक पासपोर्ट जमा नहीं होने पर अधिकारियों ने उनके पासपोर्ट रद्द कर दिए। अर्जेंटीना के रास्ते अमेरिका जाने की चर्चा फ्लावियो के अमेरिका जाने की खबरों के बीच यह भी कहा गया कि वे पहले अर्जेंटीना पहुंचे थे। अर्जेंटीना में उनके करीबी सहयोगी और दक्षिणपंथी राष्ट्रपति जेवियर मिलेई की सरकार है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, ब्राजील-अर्जेंटीना सीमा के पास इगुआजु एयरपोर्ट पर एक निजी विमान उतरा था। अधिकारियों ने विमान और उसके क्रू की जांच की, लेकिन उड़ान से जुड़े दस्तावेजों में बोल्सोनारो परिवार के किसी सदस्य का नाम नहीं मिला। अर्जेंटीना सरकार ने भी कहा कि फ्लावियो के देश में आने का कोई रिकॉर्ड नहीं है। वहीं, ब्राजील की पुलिस का कहना है कि फ्लावियो किसी आधिकारिक बॉर्डर चेकपोस्ट से देश छोड़कर नहीं गए। पिता भी चुनाव हारने के बाद अमेरिका गए थे फ्लावियो के पिता और ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति जैर बोल्सोनारो ने भी 2022 में लूला से चुनाव हारने के बाद नतीजों को स्वीकार नहीं किया था। वे अमेरिका चले गए थे और लंबे समय तक वहीं रहे। बाद में ब्राजील लौटने पर उन्हें तख्तापलट की साजिश रचने के मामले में गिरफ्तार किया गया और 27 साल जेल की सजा सुनाई गई। फ्लावियो के छोटे भाई एडुआर्डो बोल्सोनारो भी अमेरिका में रहते हैं। उन्होंने चुनाव से पहले कहा था कि अगर फ्लावियो चुनाव हारते हैं, तो उन्हें ब्राजील छोड़ देना चाहिए। फ्लावियो के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामलों में जांच फ्लावियो के खिलाफ भ्रष्टाचार, मनी लॉन्ड्रिंग और टैक्स चोरी समेत कई मामलों में जांच चल रही है। इनमें उनके पिता की जिंदगी पर फिल्म बनाने के लिए पैसे जुटाने से जुड़ा मामला भी शामिल है। फ्लावियो ने माना था कि उन्होंने पूर्व बैंकर डेनियल वोरकारो से फिल्म के लिए करीब 1.2 करोड़ डॉलर जुटाने की कोशिश की थी। हालांकि, उन्होंने किसी भी गलत काम से इनकार किया है। फ्लावियो ने सोमवार को इंस्टाग्राम पर एक वीडियो पोस्ट कर कहा था कि उन्होंने कभी देश छोड़ने के बारे में नहीं सोचा। उन्होंने पासपोर्ट जमा करने और अपने खिलाफ लगाए गए आरोपों का सामना करने की बात भी कही थी। ट्रम्प ने भी ब्राजील चुनाव पर उठाए सवाल अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ब्राजील के चुनाव नतीजों पर सवाल उठाए थे। उन्होंने बिना सबूत चुनाव में धांधली का दावा किया। फ्लावियो ने अपने चुनाव अभियान के दौरान अमेरिका के साथ रिश्ते मजबूत करने का वादा किया था। वहीं, लूला ने ट्रम्प पर ब्राजील के चुनाव में दखल देने का आरोप लगाया है। ---------------------- ये खबर भी पढ़ें…. लूला दा सिल्वा चौथी बार ब्राजील के राष्ट्रपति बने:ट्रम्प समर्थक बोल्सोनारो को हराया, उनके पिता को भी हरा चुके; भारत के लिए यह जीत अहम ब्राजील में लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने चौथी बार राष्ट्रपति चुनाव जीत लिया है। उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के समर्थक फ्लावियो बोल्सोनारो को हराया है। लूला ने 2022 के चुनाव में फ्लावियो के पिता और ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति जायर बोल्सोनारो को भी हराया था। पूरी खबर यहां पढ़ें…